विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा इबोला संक्रमण को लेकर घोषित वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल के बीच, अफ्रीका के तीन देशों से प्रभावित होकर 130 से अधिक मौतों की खबर सामने आई है और 500 से अधिक संदिग्ध मामले रिपोर्ट किए गए हैं। यह गंभीर स्थिति अंतरराष्ट्रीय समुदाय के लिए चिंता का विषय बनी हुई है।
संयुक्त राज्य अमेरिका ने इस स्वास्थ्य संकट को देखते हुए अफ्रीका के तीन देशों के यात्रियों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया है ताकि वायरस के प्रसार को रोका जा सके। इस प्रतिबंध का मकसद संक्रमण को अमेरिका में फैलने से रोकना है।
इबोला वायरस हेमोरेजिक बुखार के लिए जिम्मेदार होता है, जो तेजी से फैलने वाला और जानलेवा वायरस है। संक्रमण के लक्षणों में तेज बुखार, कमजोरी, मांसपेशियों में दर्द, सिरदर्द, गले में खराश, उल्टी, दस्त और आंतरिक एवं बाहरी रक्तस्राव शामिल हैं। तेज और उचित उपचार न मिलने पर यह संक्रमित व्यक्ति के लिए घातक हो सकता है।
अफ्रीका के उन तीन देशों से आए मामलों की संख्या में तेज वृद्धि देखी जा रही है, जिसकी रिपोर्ट स्थानीय स्वास्थ्य अधिकारियों द्वारा भी की गई है। संक्रमण के रोकथाम के लिए वहां कड़ी निगरानी बढ़ाई गई है और स्थानीय स्वास्थ्य कर्मचारी, साथ ही अंतरराष्ट्रीय एजेंसियां, प्रभावी उपाय कर रही हैं।
विश्व स्वास्थ्य संगठन ने सभी देशों से आग्रह किया है कि वे संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए आवश्यक सावधानियां बरतें तथा संदिग्ध मामलों की सतर्कता बढ़ाएं। इसके अलावा संक्रमित क्षेत्रों में यात्रा करने वाले लोगों को अपने स्वास्थ्य की विशेष निगरानी रखने और संक्रमण फैलाने से बचने के लिए उचित हाइजीन नियमों का पालन करने की सलाह दी गई है।
इबोला वायरस के खिलाफ टीकाकरण अभियान भी उस क्षेत्र में तेजी से बढ़ाए जा रहे हैं ताकि इस जानलेवा बीमारी पर नियंत्रण पाया जा सके। इसके तहत स्थानीय लोगों को जागरुक करने, संक्रमितों का शीघ्रता से इलाज कराने और संपर्क में आए लोगों की जांच करने का कार्य जारी है।
विशेषज्ञों का कहना है कि वैश्विक सहयोग और समय पर प्रतिक्रिया के बिना इस तरह के संक्रमणों को नियंत्रित करना मुश्किल है। इसीलिए विश्व स्वास्थ्य संगठन और विभिन्न अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य एजेंसियां सतर्क हैं और संक्रमण के फैलाव को रोकने के लिए हर संभव कदम उठा रही हैं।
अगले कुछ दिनों में वैश्विक स्वास्थ्य स्थिति पर और अधिक स्पष्टता मिलने की संभावना है और संबंधित स्वास्थ्य विभाग लगातार लोगों को अपडेट देते रहेंगे। जनता से भी अपील की गई है कि वे अफवाहों से बचें और केवल विश्वसनीय सूचना स्रोतों से ही जानकारी प्राप्त करें।
